Skip to main content

ब्रेकिंग: #Dalai_Lama के आशीर्वाद को अभी करना होगा इंतजार, 15 तक फिर बंद किए सभी द्वार

मैक्लोडगंज। तिब्बती धर्मगुरू (Tibetan Religious Guru) दलाई लामा का आशीर्वाद पाने की इच्छा रखने वालों को अभी थोड़ा और इंतजार करना होगा। इससे पहले उम्मीद जताई जा रही थी कि दलाई लामा 31 अक्तूबर से अपने मैक्लोडगंज स्थित निवास स्थान पर बने आंगतुक कक्ष तक आ सकते हैं, लेकिन डॉक्टरों की सलाह पर इसे स्थगित कर दिया गया है। अब वे 15 नवंबर के बाद लोगों को आशीर्वाद दे सकते हैं। तिब्बती धर्मगुरू मार्च माह के शुरूआत से ही मैक्लोडगंज स्थित अपने अस्थायी निवास स्थान पर हैं। कोविड-19 (Covid-19) के प्रकोप के बीच फरवरी माह में ही दलाई लामा से मिलने पर पाबंदी लगनी शुरू हो गई थी। उस वक्त से लेकर दलाई लामा मैक्लोडगंज (McLeodganj) में ही हैं। उनसे मिलने की किसी को अनुमति नहीं है। उनकी सेवा में 18 लोग तैनात हैं,वह भी वहीं पर रहते हैं।

यह भी पढ़ें :- Climate Change के मुद्दे पर विश्व नेताओं से क्या बोले दलाई लामा- जानिए

इसके अलावा ना ही तो वहां कोई आ सकता है ना ही बाहर जा सकता है। लगभग आठ माह बीत जाने के बाद इस बात की तैयारी होने लगी थी कि 85 वर्षीय दलाई लामा को अपने ही परिसर में हल्की-फुल्की मूवमेंट शुरू हो जाए, इसके लिए 29 अक्तूबर को मैक्लोडगंज में ही डॉक्टरों (Doctor) के एक पैनल के साथ दलाई लामा (The Dalai Lama) के निजी ऑफिस के अधिकारियों की लंबी वार्ता हुई। उसी दौरान ये तय हुआ है कि दलाई लामा की उम्र को ध्यान में रखते हुए व मैक्लोडगंज में हाल ही में आए नए संक्रमित मामलों की वजह से अभी इस निर्णय को लंबित रखा जाए। अब तय हुआ है कि 15 अक्तूबर को एक बार फिर से सभी बैठकर पहले चर्चा करेंगे, उसके बाद ही कोई भी निर्णय लेंगे।

 

हिमाचल और देश-दुनिया की ताजा अपडेट के लिए like करे हिमाचल अभी अभी का facebook page 

 

The post ब्रेकिंग: #Dalai_Lama के आशीर्वाद को अभी करना होगा इंतजार, 15 तक फिर बंद किए सभी द्वार appeared first on Himachal Abhi Abhi.



from हिमाचल – Himachal Abhi Abhi https://ift.tt/3oT6Ub8
via IFTTT

Comments

Hot Topics

एक दिन में 500 श्रद्धालु ही कर पाएंगे Mata Chintpurni के दर्शन, यह भी रहेंगे प्रतिबंधित

ऊना। कोरोना वैश्विक महामारी के बीच 10 सितंबर से मां चिंतपूर्णी (Mata Chintpurni) मंदिर को खोलने की तैयारी के बीच जिला प्रशासन ने आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। मंदिर खुलने के बाद कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए श्रद्धालुओं से लेकर दुकानदारों तक के लिए एसओपी (SOP) जारी किए गए हैं। दिशा-निर्देशों के मुताबिक चिंतपूर्णी मंदिर में प्रतिदिन 500 श्रद्धालुओं (Devotees) को ही दर्शनों की अनुमति होगी। चिकित्सीय परीक्षण के बाद केवल एसिम्टोमैटिक श्रद्धालु ही मंदिर परिसर में जा सकेंगे, जबकि फ्लू जैसे लक्षणों वाले श्रद्धालुओं को अस्पताल में आइसोलेट किया जाएगा और उनकी कोविड-19 टेस्ट रिपोर्ट नेगेटिव आने पर ही मंदिर के अंदर जाने की अनुमति होगी। सभी श्रद्धालुओं को अनिवार्य रूप से आरोग्य सेतु ऐप डाउनलोड करनी होगी। श्रद्धालुओं के स्वास्थ्य संबंधी परीक्षण के लिए उन्हें नए बस अड्डा के समीप चिंतपूर्णी सदन अथवा प्राधिकृत क्षेत्र में पंजीकरण एवं चिकित्सीय परीक्षण हेतु संपर्क करना होगा। यह भी पढ़ें: #VaishnoDevi : बाहरी राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं का कोटा बढ़ा, 500 लोग कर सकेंगे यात्रा इसके अलावा भी...

मंडी शिवरात्रि : जालपा के रथ में लगी पौराणिक वस्तुओं और गहनों में झलकता है इतिहास

मंडी। हिमाचल प्रदेश (Himachal Pradesh) देव भूमि है और यहां के देवताओं और रियासतकालीन राजाओं में गहरा संबंध है। इसी बात का परिचायक मंडी का शिवरात्रि महोत्सव (Mandi Shivaratri Festival) है जहां पर आने वाले सभी देवताओं की एक अपनी परंपरा और पौराणिकता हैं। मंडी शिवरात्रि में शिरकत करने वाली एक ऐसी भी देवी हैं जिनकी साज-सजावट अभी भी पुरानी परंपराओं के अनुसार की जाती है। मंडी जिला के सनोर क्षेत्र की देवी जालपा के रथ को लगने वाली अधिकतर वस्तुऐं पुरातन काल की हैं। देवी जालपा (Devi Jalpa) के रथ में लगने वाली चांदी की चादरए पुराने मोहरेए मालाए छत्र आदि करीब 3 शताब्दी पुराने हैं। माता की मालाओं में रियासत काल के राजाओ के सिक्के लगे हैं जो भी 250 वर्षों से भी पुराने हैं। इसके साथ ही माता का पुरांदा व कपड़े का प्रारूप भी प्राचीन समय के अनुसार ही है। यह भी पढ़ें: अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव में वाद्ययंत्र प्रतियोगिता का आगाज, देवलू- बजंतरी लेंगे हिस्सा जालपा माता सनोर बालू के भंडारी पूर्णचंद बतातें हैं कि वे लगभग बीते 50 वर्षों से माता की सेवा कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि माता का श्रृगां...

#Anurag ने #CU कैंपस निर्माण की सभी औपचारिकताओं को शीघ्र पूरा करने के दिए निर्देश

धर्मशाला। केंद्रीय वित्त एवं कारपोरेट मामले राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर (Anurag Thakur) ने मंगलवार को विभागीय अधिकारियों को केंद्रीय विश्वविद्यालय के देहरा तथा धर्मशाला में स्थायी कैंपस (Campus) निर्मित करने के लिए सभी औपचारिकताएं पूर्ण करने में तेजी लाने के निर्देश दिए। इस बाबत 14 दिनों के भीतर रिपोर्ट भी प्रेषित करने के लिए कहा गया है। बैठक में अनुराग ठाकुर ने केंद्रीय विश्वविद्यालय (Central University) प्रशासन से भूमि अधिग्रहण, कैंपस निर्माण की डीपीआर इत्यादि के बारे में विस्तार से जानकारी ली तथा सभी औपचारिकताओं को शीघ्र पूर्ण करने को कहा, ताकि विद्यार्थियों को किसी तरह की असुविधा नहीं झेलनी पड़े। अनुराग ठाकुर ने मंगलवार को दिल्ली (Delhi) से वीडियो कांफ्रेसिंग के माध्यम से धर्मशाला में जिला स्तरीय समन्वय एवं निगरानी समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि केंद्रीय विश्वविद्यालय के कैंपस निर्माण के लिए बजट पहले ही मंजूर हो चुका है। अनुराग बोले खतरा अभी टला नहीं अनुराग ठाकुर ने कहा कि कोविड-19 (Covid-19) महामारी के कारण पूरे विश्व में संकट पैदा हुआ है। इस महामारी के चलते लोगों ...