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प्रशासन के फैसले के खिलाफ जनहित याचिका पर आया फैसला, हाईकोर्ट ने कहा दुकानें खुली रहेंगी

चंडीगढ़. शहर में सुबह 10 सेशाम 6 बजे तक जरूरी सामान की दुकानें खोले जाने के चंडीगढ़ प्रशासन के फैसले के खिलाफ जनहित याचिका पर रविवार को एक घंटे की सुनवाईहुई। हाईकोर्ट की ओर से कहा गया कि दुकानें खुली रहने पर कोई आपत्ति नहीं है,लेकिन प्रशासन तय करें किलोग सोशल डिस्टेंस मेंटेन करें। यह जिम्मेवारी खुद प्रशासन की हैऔर यह भी सुनिश्चित करवाए कि लोग पैदल ही दुकानों पर जाए। बेवजह वाहन लेकर सड़कों पर न घूमें।

याचिका खारिज की

इसके साथ ही हाईकोर्ट जस्टिस राजीव शर्मा की अगुवाई वाली बैंच ने सीनियर एडवोकेट डीएस पटवालिया की याचिका को खारिज कर दिया। इसका फैसला आज शाम4 बजे सुनाया गया। इससे पहलेचंडीगढ़ प्रशासन के सीनियर स्टैंडिंग काउंसिल पंकज जैनने कहा कि कानून व्यवस्थाबनाए रखने की समस्या आ रही थी। जिसके चलते कर्फ्यूमें दुकानें खोलने का फैसला लिया गया।

कोरोना पेशेंट को चेककरने वाले डॉक्टर के लिए सैंपल

खरड़ अस्पताल के एक डॉक्टर का सैंपल कोरोना टेस्ट के लिए भेजा गया है। इस डॉक्टर का सैंपल पहले ही भेजागया था। लेकिन रिपोर्ट निगेटिव आई थी। कुछ तकनीकि कारणोंके चलते इस डॉक्टर का सैंपल दोबारा भेजा गया है। अन्य दो लोगों के भी सैंपल टेस्ट के लिए भेजे गए है। जिले मेंअभी 6 मरीज कोरोना पॉजिटिव है।इन सब की हालत पहले से दुरूस्त है।जिले में 484 लोगों को होम क्वारेंटाइन किया गया है। जबकि 600 से ज्यादा लोगों का होम क्वारेंटाइन पीरियड पूरा हो गया है।



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शहर में दुकानें खुली रहेंगी,लोगों के घरों तक पहुंचेगा राशन।


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